नवम समुल्लास
अथ नवमसमुल्लासारम्भः विषय : विद्या, अविद्या, बन्ध और मोक्ष की व्याख्या जो मनुष्य विद्या और अविद्या के स्वरूप को साथ ही साथ जानता है, वह ‘अविद्या’ अर्थात् कर्मोपासना से मृत्यु को तरके ‘विद्या’ अर्थात् यथार्थ ज्ञान से मोक्ष को प्राप्त होता है। -यजुर्वेद 40//14 अविद्या का लक्षण- जो ‘अनित्य’ [...]